पूर्वी सिंहभूम: जिला प्रशासन द्वारा समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में आयोजित जन शिकायत निवारण दिवस में उपायुक्त Rajiv रंजन ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग अपनी व्यक्तिगत एवं जनहित से जुड़ी समस्याओं को लेकर उपायुक्त के समक्ष पहुंचे और लिखित आवेदन सौंपे।
उपायुक्त ने सभी शिकायतों को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को त्वरित एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
भूमि अधिग्रहण मुआवजा और जमीन विवाद से जुड़े मामले पहुंचे
जन शिकायत निवारण दिवस के दौरान भूमि अधिग्रहण मुआवजा, जमीन विवाद तथा भूमि पर अवैध दखल से जुड़े कई आवेदन प्राप्त हुए। कई फरियादियों ने वर्षों से लंबित मामलों के समाधान की मांग करते हुए प्रशासन से हस्तक्षेप की अपील की।

उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए और पात्र लोगों को जल्द राहत उपलब्ध कराई जाए।
फीस माफी और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जुड़े आवेदन भी आए
कार्यक्रम में शिक्षा से संबंधित फीस माफी के मामले भी सामने आए। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों ने अपने बच्चों की पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रशासन से सहायता की मांग की।
इसके अलावा दिव्यांग व्यक्तियों को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने, पेंशन एवं अन्य सरकारी लाभ दिलाने संबंधी आवेदन भी प्राप्त हुए। उपायुक्त ने समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों को इन मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन करने का निर्देश दिया।
मारपीट और धमकी से जुड़े मामलों पर भी हुई सुनवाई
जन शिकायत निवारण दिवस में कुछ नागरिकों ने मारपीट, धमकी और स्थानीय विवादों से संबंधित शिकायतें भी दर्ज कराईं। उपायुक्त ने ऐसे मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए और पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।
पीडीएस दुकान आवंटन और पेयजल समस्या पर भी उठी आवाज
कार्यक्रम के दौरान जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) दुकान आवंटन से जुड़े आवेदन भी प्राप्त हुए। कई लोगों ने पारदर्शी प्रक्रिया अपनाने और पात्र लोगों को प्राथमिकता देने की मांग की।
इसके साथ ही विभिन्न ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों से पेयजल संकट की शिकायतें भी सामने आईं। नागरिकों ने नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित करने और खराब जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार की मांग प्रशासन के समक्ष रखी।
सड़क मरम्मत और बुनियादी सुविधाओं को लेकर नागरिकों ने रखी मांग
जन शिकायत निवारण दिवस में कई नागरिकों ने जर्जर सड़कों की मरम्मत, जलनिकासी व्यवस्था में सुधार और अन्य आधारभूत सुविधाओं से संबंधित समस्याओं को भी उपायुक्त के समक्ष रखा।
उपायुक्त ने संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि जनहित से जुड़े ऐसे मामलों का स्थल निरीक्षण कर शीघ्र कार्रवाई की जाए ताकि लोगों को जल्द राहत मिल सके।
मंईयां सम्मान योजना का लाभ दिलाने की भी उठी मांग
कार्यक्रम में कई महिलाओं ने मंईयां सम्मान योजना का लाभ नहीं मिलने की शिकायत दर्ज कराई। लाभुकों ने पात्र होने के बावजूद योजना का लाभ नहीं मिलने की जानकारी देते हुए प्रशासन से सहायता की मांग की।
उपायुक्त ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी लंबित मामलों की जांच कर पात्र लाभुकों को योजना का लाभ उपलब्ध कराया जाए।
विभागवार समीक्षा कर दिए आवश्यक निर्देश
उपायुक्त Rajiv रंजन ने प्राप्त सभी आवेदनों की विभागवार समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि प्रत्येक आवेदन का निष्पादन निर्धारित समयसीमा के भीतर किया जाए।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक विभाग अपनी जिम्मेदारी तय करते हुए शिकायतों के समाधान में गंभीरता दिखाए और अनावश्यक विलंब से बचें।
जन शिकायत निवारण दिवस को बताया प्रशासन और जनता के बीच प्रभावी संवाद का माध्यम
उपायुक्त ने कहा कि जन शिकायत निवारण दिवस प्रशासन और आम नागरिकों के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का महत्वपूर्ण मंच है। इसके माध्यम से लोग अपनी समस्याएं सीधे जिला प्रशासन के समक्ष रख सकते हैं और उनके समाधान की दिशा में त्वरित कार्रवाई संभव हो पाती है।
उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य जनता की समस्याओं को समझना और उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है।
संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ शिकायतों के निष्पादन पर जोर
उपायुक्त ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्राप्त शिकायतों का निष्पादन पूरी संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक आवेदन की गंभीरता से जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी ताकि नागरिकों को समय पर राहत मिल सके और प्रशासन के प्रति उनका विश्वास मजबूत हो।
पूर्वी सिंहभूम समाहरणालय में आयोजित जन शिकायत निवारण दिवस आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ। भूमि विवाद, मुआवजा, सामाजिक सुरक्षा योजनाएं, पेयजल, सड़क मरम्मत, पीडीएस, मंईयां सम्मान योजना और अन्य जनहित से जुड़े मामलों पर उपायुक्त राजीव रंजन ने गंभीरता से सुनवाई करते हुए संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। जिला प्रशासन की यह पहल प्रशासन और जनता के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने के साथ-साथ समस्याओं के त्वरित समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।




















