जमशेदपुर: पुलिस ने गुरुवार सुबह गुप्त सूचना के आधार पर Jugsalai थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए एक 17 वर्षीय बालक को हथियार के साथ निरुद्ध किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक लोडेड देशी कट्टा और दो जिंदा गोलियां बरामद की हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह पहले से दर्ज एक आपराधिक मामले से जुड़ा हुआ है और गवाहों को प्रभावित करने के उद्देश्य से क्षेत्र में आने-जाने की सूचना पुलिस को मिली थी।

इस कार्रवाई को पुलिस की सतर्कता और समय पर की गई कार्रवाई का महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और अन्य संदिग्ध व्यक्तियों की तलाश भी की जा रही है।

वरीय पुलिस अधीक्षक को मिली थी गुप्त सूचना

प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार गुरुवार सुबह वरीय पुलिस अधीक्षक, जमशेदपुर को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि बिष्टुपुर से पार्वती घाट होते हुए जुगसलाई थाना क्षेत्र की ओर कुछ संदिग्ध लोग हथियार के साथ आ-जा रहे हैं। सूचना में यह भी बताया गया कि ये लोग एक पुराने आपराधिक मामले के गवाहों को प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं।

सूचना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल सत्यापन और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए।

विशेष पुलिस टीम का किया गया गठन

गुप्त सूचना मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक (नगर), जमशेदपुर के निर्देशन तथा पुलिस उपाधीक्षक (विधि-व्यवस्था) के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। टीम को पार्वती घाट क्षेत्र में एंटी क्राइम चेकिंग अभियान चलाने का निर्देश दिया गया।

पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से क्षेत्र में निगरानी शुरू की और आने-जाने वाले संदिग्ध व्यक्तियों की जांच की।

पार्वती घाट के पास पकड़ा गया संदिग्ध बालक

एंटी क्राइम चेकिंग के दौरान पुलिस ने पार्वती घाट के समीप एक संदिग्ध युवक को रोककर पूछताछ की। पूछताछ में उसने अपनी उम्र लगभग 17 वर्ष बताई। तलाशी लेने पर उसके पास से एक लोडेड देशी कट्टा और दो जिंदा गोलियां बरामद हुईं।

हथियार बरामद होने के बाद पुलिस ने तत्काल उसे निरुद्ध कर लिया और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।

आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला

इस मामले में जुगसलाई थाना में कांड संख्या 49/26 दिनांक 18 जून 2026 दर्ज किया गया है। पुलिस ने आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार बरामद हथियार की जांच की जा रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि हथियार कहां से लाया गया और इसका उपयोग किस उद्देश्य से किया जाना था।

गवाहों को प्रभावित करने की आशंका

पुलिस को मिली गुप्त सूचना के अनुसार संबंधित बालक और उसके सहयोगियों पर पहले से दर्ज एक मामले के गवाहों को प्रभावित करने का संदेह था। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने विशेष निगरानी अभियान चलाया और कार्रवाई की।

हालांकि पुलिस अभी इस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है और सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है।

निरुद्ध बालक का आपराधिक इतिहास भी सामने आया

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार निरुद्ध बालक का नाम पहले भी दो आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। पहला मामला जुगसलाई थाना कांड संख्या 112/25 दिनांक 25 अक्टूबर 2025 से संबंधित है, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आर्म्स एक्ट की धाराएं लगाई गई थीं।

इसके अलावा जुगसलाई थाना कांड संख्या 113/25 दिनांक 26 अक्टूबर 2025 में भी उसका नाम दर्ज है। इससे यह संकेत मिलता है कि वह पूर्व में भी आपराधिक गतिविधियों से जुड़ा रहा है।

पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी

पुलिस का कहना है कि इस मामले में अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है। निरुद्ध बालक से पूछताछ के आधार पर संभावित सहयोगियों और हथियार उपलब्ध कराने वाले लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।

जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या इसके पीछे कोई संगठित आपराधिक गिरोह सक्रिय है।

बरामद सामान को पुलिस ने किया जब्त

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से बरामद हथियार और गोलियों को जब्त कर लिया है। बरामद सामग्री में एक देशी कट्टा और दो जिंदा गोलियां शामिल हैं।

जब्त हथियार को फोरेंसिक जांच के लिए भेजे जाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है, ताकि उसके उपयोग और स्रोत के संबंध में जानकारी प्राप्त की जा सके।

छापेमारी अभियान में कई पुलिस अधिकारी रहे शामिल

इस कार्रवाई में जुगसलाई थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक गुलाम रब्बानी खाँ सहित कई पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल रहे। पुलिस उपनिरीक्षक कृष्ण कुमार यादव, सुमित लकड़ा, गोपाल कुमार, विवेक कुमार पंडित, सहायक अवर निरीक्षक दिलीप कुमार यादव तथा अन्य पुलिसकर्मियों ने संयुक्त रूप से अभियान को सफल बनाया।

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि अपराध नियंत्रण के लिए आगे भी इसी तरह विशेष अभियान जारी रहेंगे।

Jugsalai थाना क्षेत्र में गुप्त सूचना के आधार पर की गई यह कार्रवाई पुलिस की सक्रियता और सतर्कता को दर्शाती है। हथियार के साथ एक 17 वर्षीय बालक का पकड़ा जाना कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर संकेत माना जा रहा है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।