गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के Gorakhpur जिले के खजनी थाना क्षेत्र से पारिवारिक रिश्तों को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। एक महिला ने अपने ससुर पर कमरे में घुसकर उसके साथ कथित तौर पर अश्लील हरकत करने और जबरदस्ती करने की कोशिश का गंभीर आरोप लगाया है। महिला के मुताबिक, वह अपने कमरे में अकेली थी, तभी ससुर वहां पहुंचा और उसके साथ गलत हरकत करने लगा। विरोध करने पर कथित रूप से जबरदस्ती की कोशिश की गई।
महिला की चीख-पुकार सुनकर उसकी जेठानी मौके पर पहुंची और उसने बीच-बचाव किया। इसके बाद मामला परिवार के भीतर ही तूल पकड़ गया। आरोपों के बीच परिवार की एक ननद ने भी अपने पिता पर पहले ऐसी ही हरकत करने की कोशिश का आरोप लगाया है। हालांकि, इन सभी आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
कमरे में अकेली थी छोटी बहू, तभी पहुंचा ससुर
बताया जा रहा है कि खजनी थाना क्षेत्र के एक गांव में पीड़ित महिला अपने कमरे में अकेली थी। महिला का आरोप है कि इसी दौरान उसका ससुर कमरे में दाखिल हुआ।

महिला के मुताबिक, ससुर की नीयत ठीक नहीं थी और उसने उसके साथ कथित तौर पर अश्लील हरकत करने की कोशिश की। जब महिला ने इसका विरोध किया तो मामला बढ़ गया और उसने शोर मचाना शुरू कर दिया।
महिला की आवाज सुनकर परिवार के अन्य लोग भी सतर्क हो गए।
चीख-पुकार सुनकर मौके पर पहुंची जेठानी
पीड़िता के शोर मचाने पर उसकी जेठानी तत्काल कमरे की ओर पहुंची। महिला के मुताबिक, जेठानी ने मौके पर पहुंचकर उसका साथ दिया और ससुर का विरोध किया।
इस दौरान घर में हंगामा मच गया। देखते ही देखते मामला परिवार के अन्य सदस्यों तक पहुंच गया। घटना के बाद पीड़िता बेहद परेशान हो गई और उसने परिवार के भीतर मामले को दबाने के बजाय पुलिस के पास जाने का फैसला किया।
विरोध के बाद बढ़ा पारिवारिक विवाद
आरोप सामने आने के बाद परिवार में तनाव बढ़ गया। एक तरफ पीड़ित बहू ने ससुर पर गंभीर आरोप लगाए, तो दूसरी तरफ परिवार के सदस्यों के बीच पुराने विवाद भी चर्चा में आने लगे।
पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के पीछे केवल कथित छेड़छाड़ का मामला है या परिवार में पहले से चल रहे किसी विवाद ने भी इस पूरे घटनाक्रम को प्रभावित किया है।
ननद ने भी पिता पर लगाया गंभीर आरोप
मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब परिवार की एक ननद ने भी अपने पिता पर गंभीर आरोप लगाए।
ननद के मुताबिक, उसके पिता ने पहले उसके साथ भी कथित तौर पर गलत हरकत करने की कोशिश की थी। उसका कहना है कि उस समय परिवार की बदनामी और सामाजिक प्रतिष्ठा का हवाला देकर मामला दबा दिया गया था।
ननद के इस दावे के बाद मामला और गंभीर हो गया है। अब पुलिस इस पुराने आरोप की भी सच्चाई जानने का प्रयास कर सकती है।
परिवार की इज्जत के नाम पर मामला दबाने का दावा
ननद के अनुसार, कथित पुरानी घटना के बाद परिवार में बातचीत हुई थी और पिता को दोबारा ऐसी हरकत नहीं करने की बात कही गई थी।
परिवार की ओर से उस समय मामला पुलिस तक नहीं पहुंचा। अब छोटी बहू द्वारा शिकायत किए जाने के बाद पुराने आरोप भी सामने आ गए हैं।
हालांकि, इस पुराने मामले को लेकर भी पुलिस के पास उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित लोगों के बयानों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई तय होगी।
छोटी बहू ने चुप रहने से किया इनकार
पीड़ित महिला ने इस बार कथित घटना को परिवार की चारदीवारी तक सीमित रखने के बजाय पुलिस के सामने अपनी बात रखने का फैसला किया।
सोमवार को वह खजनी थाने पहुंची और पुलिस को लिखित शिकायत दी। शिकायत में उसने अपने ससुर पर गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की।
महिला का कहना है कि वह ऐसी कथित हरकत को सहन करने के बजाय न्याय चाहती है।
पुलिस के सामने पहुंचा मामला
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया। पुलिस दोनों पक्षों से पूछताछ कर रही है और घटना से जुड़े तथ्यों को समझने का प्रयास कर रही है।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कथित घटना किस समय हुई, उस समय घर में कौन-कौन मौजूद था और महिला की चीख-पुकार सुनने के बाद मौके पर कौन पहुंचा।
जेठानी समेत परिवार के अन्य सदस्यों के बयान भी जांच में महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
आमने-सामने पूछताछ से सामने आएगी सच्चाई
बताया गया है कि पुलिस ने दोनों पक्षों को थाने बुलाकर पूछताछ शुरू की है। पुलिस शिकायतकर्ता महिला के आरोपों के साथ-साथ आरोपी पक्ष का बयान भी दर्ज कर रही है।
जांच के दौरान पुलिस यह जानने की कोशिश करेगी कि आरोपों के समर्थन में कोई प्रत्यक्ष या परिस्थितिजन्य साक्ष्य मौजूद है या नहीं।
किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले दोनों पक्षों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों की जांच जरूरी होगी।
प्रॉपर्टी विवाद के एंगल पर भी नजर
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि कहीं परिवार में पहले से कोई संपत्ति, घरेलू विवाद या आपसी रंजिश तो नहीं चल रही थी।
अगर ऐसा कोई विवाद सामने आता है तो पुलिस यह भी देखेगी कि उसका मौजूदा शिकायत से कोई संबंध है या नहीं। हालांकि, फिलहाल यह केवल जांच का एक संभावित पहलू है और इसके संबंध में कोई निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
क्या पहले भी सामने आई थी ऐसी घटना?
ननद द्वारा पुराने आरोप लगाए जाने के बाद पुलिस के सामने एक और महत्वपूर्ण सवाल खड़ा हो गया है कि क्या परिवार में पहले भी ऐसी कोई घटना हुई थी।
पुलिस संबंधित परिवार के सदस्यों से पूछताछ कर यह पता लगा सकती है कि पुराने आरोपों के संबंध में किसी को जानकारी थी या नहीं और उस समय मामला क्यों पुलिस तक नहीं पहुंचा।
यदि पुराने मामले के संबंध में कोई स्वतंत्र साक्ष्य या शिकायत मिलती है, तो जांच की दिशा और गंभीर हो सकती है।
महिला के बयान को जांच में माना जाएगा अहम
मामले में पीड़ित महिला का विस्तृत बयान जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा होगा। पुलिस घटना से जुड़ी परिस्थितियों के बारे में उससे जानकारी ले सकती है।
इसके अलावा, जिस जेठानी ने कथित तौर पर शोर सुनकर मौके पर पहुंचकर बीच-बचाव किया था, उसका बयान भी अहम माना जा सकता है।
उसने उस समय क्या देखा और कमरे में पहुंचने के बाद क्या स्थिति थी, इससे पुलिस को घटनाक्रम समझने में मदद मिल सकती है।
पुलिस जुटा रही है घटनाक्रम की कड़ियां
जांच एजेंसी आमतौर पर ऐसे मामलों में घटना के समय मौजूद लोगों, परिवार के सदस्यों और शिकायतकर्ता के बयानों को आपस में मिलाकर देखती है। यहां भी पुलिस घटनाक्रम की पूरी कड़ी तैयार करने की कोशिश कर रही है।
महिला ने शिकायत में जो आरोप लगाए हैं, उनके आधार पर पुलिस आवश्यक कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है।
आरोप साबित होना अभी बाकी
इस पूरे मामले में यह स्पष्ट करना जरूरी है कि ससुर पर लगाए गए आरोप अभी जांच के स्तर पर हैं। पुलिस की जांच पूरी होने और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।
इसी तरह ननद द्वारा लगाए गए पुराने आरोपों की भी स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। इसलिए जांच पूरी होने से पहले किसी भी पक्ष को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा।
परिवार के भीतर का मामला अब पुलिस तक पहुंचा
जिस विवाद को परिवार के स्तर पर संभालने की कोशिश की जा रही थी, वह अब पुलिस थाने तक पहुंच चुका है। शिकायत के बाद पुलिस के सामने चुनौती यह है कि वह निष्पक्ष तरीके से पूरे घटनाक्रम की जांच करे और वास्तविक तथ्य सामने लाए।
अगर जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो पुलिस कानून के मुताबिक कार्रवाई कर सकती है। वहीं अगर आरोपों के पीछे कोई अन्य विवाद या गलतफहमी सामने आती है, तो उसका भी पता जांच के दौरान चल सकेगा।
पुलिस जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
Gorakhpur के खजनी क्षेत्र का यह मामला परिवार के भीतर महिलाओं की सुरक्षा और घरेलू माहौल से जुड़े गंभीर सवाल खड़े करता है। छोटी बहू की शिकायत के बाद ननद द्वारा पुराने आरोप लगाए जाने से मामला और पेचीदा हो गया है।




















