जमशेदपुर: Jugsalai थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति की कथित हत्या की साजिश रचे जाने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, घाघीडीह जेल में बंद अभियुक्त मो. खुर्शीद उर्फ भाकुड द्वारा अपने गिरोह के अन्य सदस्यों के सहयोग से पहलवानडेरा निवासी मो. निजाम की हत्या कराने का लगातार प्रयास किया जा रहा था। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया और उनकी निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल किए गए दो भारी धारदार लोहे के हथियार तथा एक अवैध देशी कट्टा बरामद किया है।
इस संबंध में जुगसलाई थाना में अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मामले में आगे की जांच जारी है।
हत्या की साजिश की सूचना पर पुलिस ने बनाई टीम
पुलिस के मुताबिक, 19 सितंबर 2026 को मो. निजाम, पिता स्वर्गीय मो. रमजान, निवासी पहलवानडेरा, जुगसलाई ने पुलिस को जानकारी दी कि घाघीडीह जेल में बंद मो. खुर्शीद उर्फ भाकुड अपने गिरोह के अन्य सदस्यों के सहयोग से उसकी हत्या कराने की लगातार कोशिश और साजिश कर रहा है।

सूचना को गंभीरता से लेते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के आदेश और पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में कार्रवाई शुरू की गई। पुलिस उपाधीक्षक विधि-व्यवस्था सुमित कुमार के नेतृत्व में जुगसलाई थाना के पुलिस पदाधिकारियों और जवानों को शामिल करते हुए विशेष टीम का गठन किया गया।
पुलिस टीम को मामले की जांच के साथ-साथ आवश्यक निरोधात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया था।
रैकी के बाद हत्या के प्रयास का पुलिस का दावा
पुलिस के अनुसार, मो. निजाम की हत्या कराने की कोशिश पहले भी की जा रही थी। इसी क्रम में मो. आयन बच्चा और मो. इमरान उर्फ अलटु बच्चा द्वारा कथित तौर पर मो. निजाम की रैकी की गई और उस पर लोहे के भारी धारदार हथियार से हमला करने का प्रयास किया गया।
पुलिस के मुताबिक, हमले के दौरान मो. निजाम अपनी जान बचाकर भागने में सफल रहा। घटना के बाद जुगसलाई थाना कांड संख्या 75/2026, दिनांक 19 सितंबर 2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों की गतिविधियों और कथित साजिश से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल शुरू की।
पहले भी हत्या की साजिश के मामले में जेल जा चुका है खुर्शीद
पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, मो. निजाम की हत्या की कथित साजिश के मामले में घाघीडीह जेल में बंद मो. खुर्शीद उर्फ भाकुड की भूमिका भी जांच के दायरे में है।
पुलिस के मुताबिक, इससे पूर्व भी मो. खुर्शीद उर्फ भाकुड अपने गिरोह के अन्य नौ सदस्यों के साथ मो. निजाम की हत्या की योजना बनाने के आरोप में गिरफ्तार हुआ था। उस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उसके पास से दो पिस्टल और गोली बरामद किए थे। इसके बाद से वह घाघीडीह जेल में बंद है।
वर्तमान मामले की जांच के दौरान पुलिस ने इसी कथित आपराधिक नेटवर्क और हत्या की साजिश से जुड़े पहलुओं को भी खंगाला।
आरोपियों की निशानदेही पर हथियार बरामद
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ और उनकी निशानदेही के आधार पर पुलिस टीम ने आजाद खटाल मैदान में स्थित झाड़ियों में छापेमारी की।
इस दौरान पुलिस ने वहां से घटना में इस्तेमाल किए जाने का दावा किए गए दो भारी धारदार लोहे के हथियार बरामद किए। इसके अलावा पुलिस को एक अवैध देशी कट्टा भी मिला।
देशी कट्टा बरामद होने के बाद पुलिस ने इस संबंध में अलग से जुगसलाई थाना कांड संख्या 77/2026, दिनांक 20 सितंबर 2026 को BNS की संबंधित धाराओं के साथ आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत दर्ज किया है।
दो अलग-अलग मामलों में कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, मामले में दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। पहली प्राथमिकी जुगसलाई थाना कांड संख्या 75/2026, दिनांक 19 सितंबर 2026 के रूप में दर्ज की गई, जिसमें हत्या के प्रयास, आपराधिक साजिश, धमकी समेत BNS की विभिन्न धाराएं लगाई गई हैं।
वहीं, अवैध देशी कट्टा बरामद होने के बाद जुगसलाई थाना कांड संख्या 77/2026, दिनांक 20 सितंबर 2026 दर्ज किया गया। इसमें BNS के साथ Arms Act की संबंधित धाराएं शामिल की गई हैं।
पुलिस ने बताया कि दोनों मामलों में अनुसंधान जारी है और बरामद हथियारों के संबंध में भी आवश्यक जांच की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
1. मो. आयन अली उर्फ अयान बच्चा
गिरफ्तार आरोपियों में मो. आयन अली उर्फ अयान बच्चा, पिता स्वर्गीय रिजवान अली, निवासी हुसैनी लाइन, गौरी शंकर रोड, जुगसलाई, थाना जुगसलाई, जिला पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर शामिल है।
पुलिस ने उसके खिलाफ पूर्व में दर्ज कई मामलों का भी उल्लेख किया है।
2. मो. इमरान उर्फ अलटु बच्चा
दूसरे गिरफ्तार आरोपी की पहचान मो. इमरान उर्फ अलटु बच्चा, उम्र करीब 19 वर्ष, पिता शेख बब्लू, निवासी दस्ताना बाड़ी, गौरीशंकर रोड, जुगसलाई, थाना जुगसलाई, जिला पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों से पूछताछ के बाद उनकी निशानदेही पर हथियार बरामद किए गए हैं।
आयन बच्चा का आपराधिक इतिहास भी सामने आया
पुलिस की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी मो. आयन अली उर्फ अयान बच्चा के खिलाफ जुगसलाई थाना में पहले से कई मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने उसके आपराधिक इतिहास में निम्न मामलों का उल्लेख किया है:
- जुगसलाई थाना कांड संख्या 55/24, दिनांक 27 मई 2024, धारा 324/326/341/504/506/307/451/435/34 IPC।
- जुगसलाई थाना कांड संख्या 56/24, दिनांक 27 मई 2024, धारा 324/326/307/504/506 IPC।
- जुगसलाई थाना कांड संख्या 128/25, दिनांक 12 दिसंबर 2025, BNS की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज मामला।
पुलिस ने इन मामलों का उल्लेख आरोपी के पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड के तौर पर किया है।
छापेमारी टीम में ये पुलिस अधिकारी रहे शामिल
पूरी कार्रवाई के लिए गठित पुलिस टीम में कई पदाधिकारी और जवान शामिल रहे। पुलिस टीम का नेतृत्व पुलिस उपाधीक्षक विधि-व्यवस्था जमशेदपुर सुमित कुमार ने किया।
टीम में पु.नि.-सह थाना प्रभारी गुलाम रब्बानी खां, पु.अ.नि. विवेक कुमार पंडित, पु.अ.नि. संतोष कुमार, पु.अ.नि. गोपाल कुमार, पु.अ.नि. आलोक कुमार और पु.अ.नि. मनोज कुमार गोराई शामिल रहे।
इसके अलावा जुगसलाई थाना के आरक्षी 326 सैय्यद सलमान अख्तर तथा सशस्त्र बल के जवानों ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।
दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की तैयारी
पुलिस के अनुसार, दोनों गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। वहीं, मामले में आगे की जांच जारी है। पुलिस हत्या की कथित साजिश में शामिल अन्य लोगों, हथियारों के स्रोत और आरोपियों के आपसी संपर्क समेत अन्य बिंदुओं की जांच कर रही है।
फिलहाल पुलिस की कार्रवाई के बाद जुगसलाई क्षेत्र में हत्या की कथित साजिश से जुड़े इस मामले में जांच का दायरा बढ़ गया है। पुलिस का कहना है कि अनुसंधान के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बरामद सामान
पुलिस के अनुसार, इस कार्रवाई में कुल तीन हथियार बरामद किए गए हैं:
- दो भारी धारदार लोहे के हथियार
- एक अवैध देशी कट्टा
पुलिस ने बरामद सामान को मामले की जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर शामिल किया है। बरामद हथियारों और घटनाक्रम के बीच संबंध की जांच भी की जा रही है।




















